September 28, 2019

27.09.2019 (दरभंगा) : दुर्गा पूजा के अवसर पर विधि-व्यवस्था बनाये रखने हेतु सभी प्रशासनिक तैयारियाँ जोर-शोर से की जा रही है। इसी क्रम में डीएम डॉ. त्यागराजन एस.एम. ने एसएसपी बाबूराम एवं अन्य सम्बंधित पदाधिकारियों के साथ बैठ कर महत्वपूर्ण निर्णय लिया। उन्होंने दुर्गापूजा व समस्तीपुर लोकसभा उप चुनाव (अंश) को शांतिपूर्ण सम्पन्न करने, संवेदनशील स्थलों पर अतिरिक्त पुलिस बल की तैनाती करने के संबंध मे विचार-विमर्श किया। डीएम ने कहा है कि सभी दुर्गा पूजा आयोजको को लाइसेंस लेना अनिवार्य होगा। बिना लाइसेंस के कोई दुर्गा पूजा पंडाल नहीं बनेंगे। सभी पंडालों में पर्याप्त संख्या में यथोचित स्थानों पर सी.सी.टी.वी. कैमरे लगाना तथा बिजली का अस्थाई कनेक्शन भी लेना अनिवार्य होगा। सभी पूजा पंडालों में आग से सुरक्षा के भी उपाय रखने होंगे। पूजा पंडालों में आने-जाने वाले मार्ग को अवरूद्ध नहीं करनी होगी ताकि किसी आपातकालीन अवस्था में फौरन सहायता पहुँचायी जा सके।
उन्होंने कहा कि बिजली के कटे-फटे तारों से गलत वायरिंग करने के कारण प्रायः शार्ट सर्किट या ऑवर हीटिंग के चलते आग पकड़ने की आशंका रहती है। उन्होंने कार्यपालक अभियंता विद्युत आपूर्ति प्रमण्डल को जिला के सभी पूजा पंडालों में विद्युत वायरिंग की अच्छी तरह से जाँच कर सुनिश्चित कर लेने का निर्देश दिया। बैठक में उपस्थित एसएसपी बाबुराम द्वारा सभी अनुमण्डल पुलिस पदाधिकारी/थाना प्रभारियों को दुर्गा पूजा के अवसर पर पूरी-चुस्ती एवं तत्परता के साथ विधि-व्यवस्था संधारण करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा कि जिस भी थाना क्षेत्र में डी.जे. बजाने की सूचना मिलेगी उस क्षेत्र के थाना प्रभारी के विरूद्ध कड़ी कार्रवाई की जायेगी। उन्होंने कहा कि पटाखा के दुकानों पर भी नजर रखी जाये। पूजा पंडालो में जल्दी से आग पकड़ने वाले कपड़े या सामग्री का इस्तेमाल नहीं करने के लिए आयोजको को समझाया जाय। रावण वध स्थल पर प्रवेश एवं निकास पूर्ण तथा खुली होनी चाहिए। वहाँ पर प्रतिनियुक्त पुलिस बलों एवं दण्डाधिकारी को विशेष सतर्कता बरतने की जरूरत होगी। दुर्गा पूजा विसर्जन जुलूस के साथ पर्याप्त संख्या में पुलिस बल के जवान साथ-साथ रहेंगे ताकि स्थिति नियंत्रण में रहें।

उक्त बैठक में अपर समाहर्ता, उप विकास आयुक्त, नगर आयुक्त, प्रशिक्षु सहायक समाहर्ता, गोपनीय प्रभारी, सभी अनुमण्डल पदाधिकारी, सभी अनुमण्डल पुलिस पदाधिकारी, थाना प्रभारी आदि उपस्थित थे।
September 26, 2019

25.09.2019 (पटना) : हमारे पदाधिकारी सोशल मीडिया पर सक्रिय बनें एवं रीयल टाइम रिस्पौंस के प्रति सजग हों। आज सूचना भवन में सूचना जनसंपर्क विभाग के सभी पदाधिकारियों की बैठक को संबोधित करते हुए सूचना जनसंपर्क मंत्री, नीरज कुमार ने उक्त बातें कही। उन्होंने सरकार के कार्यक्रमों, उपलब्धियों पर फोकस करते हुए कहा कि राज्य सरकार द्वारा एक नहीं अनेक कल्याकारी योजनाएं चलायी जा रही है ताकि बिहार एवं देश का विकास हो। बिहार सरकार द्वारा कुछ ऐसी भी योजनाएं एवं कार्यक्रम संचालित किए जा रहे है, जिसे देश में लागू करने वाला पहला राज्य माना जाता है। ऐसी भी कई योजनाएं संचालित हो रही है, जो समाज के सबसे नीचे पायदान पर खडे़ व्यक्ति को लाभान्वित करने के लिए हैं ताकि उन्हें सामाजिक, राजनीतिक, शैक्षिक तथा आर्थिक रूप से मजबूती मिल सके।
दलित, महादलित, अल्पसंख्यक एवं जन-जाति कल्याण की भी ढेर सारी योजनाएं राज्य सरकार द्वारा जारी की गई हैं, ताकि उनका सामाजिक स्टेटस बढ़े और वे गरीबी रेखा से ऊपर उठकर बिहार एवं देश के विकास में अपनी भागीदारी निभा सके। उन्होनें अपने सम्बोधन में कहा कि सरकार की कल्याणकारी योजनाओं एवं कार्यक्रमों का प्रचार-प्रसार होर्डिंग, फ्लैक्स सहित वाट्सएप ग्रुप एवं सोशल मीडिया के माध्यम से भी कराया जाय ताकि उक्त कल्याणकारी योजनाओं के बारे में वास्तविक जानकारी लाभुकों के द्वार तक सहजता से पहुंचे और वे इसका लाभ भी उठायें। प्रचार-प्रसार के साथ-साथ क्षेत्रीय पदाधिकारियों की यह भी जिम्मेदारी है कि वे यदा-कदा राज्य सरकार के विरूद्व चलायी जाने वाली नकारात्मक खबरें एवं अफवाहों पर भी गहरी नजर रखें और समय रहते उसका खंडन की सामने लाने में सजगता के साथ अपनी भूमिका का निर्वहन करें अर्थात् रीयल टाइम रिस्पौस के प्रति सजग हों। यदि इस संबंध में उच्चधिकारियों की मदद की आवष्यकता हो, तो वह भी ससमय प्राप्त करें। इसी तरह आपदा-विपदा यथा बाढ़, सुखाड अथवा भूकम्प या अन्य प्राकृतिक प्रकोपों पर उड़ी अफवाहों पर भी नजर रखें और उससे जुडे़ राज्य सरकार के दृष्टिकोण और किए गए त्वरित उपायों के बारें में भी आमजन को शीघ्र जानकारी सुलभ करायें।

श्री कुमार ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा चलायी जा रही कल्याणकारी योजनाओं के साथ-साथ सामाजिक कुरीतियों के खिलाफ चलाये जा रहे अभियानों के बारें में भी आमजन को जानकारी देना डी.पी.आर.ओ. की जिम्मेदारी बनती है। इनके प्रचार-प्रसार के साथ-साथ शराबबंदी, दहेजप्रथा उन्मूलन, दलित-महादलित के लिए किए जा रहे विषेष कार्यो सहित अन्य योजनाओं पर आधारित सफलता की कहानी का भी लेखन कार्य कराया जाय, ताकि वैसी सफलता की कहानी से लोग सीख ले सकें और उनका हौसला आफजाई भी हो सके। उन्होने कहा कि मीडिया में चल रही नकारात्मक खबरों पर नजर रखना क्षेत्रीय पदाधिकारियों का कर्तव्य है। साथ ही उसका खंडन अथवा सच्चाई से रू-बरू करना भी इनका महत्वपूर्ण दायित्व है।
क्षेत्रीय पदाधिकारियों को हमेषा ‘जागते रहो’ की भूमिका में काम करना है। राज्य सरकार बिहार एवं बिहार के हर वर्ग, हर क्षेत्र, हर वर्ग के बालक-बालिकाओं, महिला-पुरूष, वृद्वजन, परित्यक्ता सहित सबके विकास और उन्नयन के लिए 7-निष्चय जैसी सार्वभौमिक योजनाएँ चला रही है, जिसका सही ढ़ंग से प्रचार-प्रसार किया जाना चाहिए ताकि बिहार के विकास की बात दूर तक पहुंचे और लोग इससे सहजता के साथ लाभान्वित हो सकें।
September 25, 2019

24.09.2019 (दरभंगा) : नेहरू स्टेडियम, लहेरियासराय में जिला प्रशासन की तरफ से पोषण अभियान के तहत जिला स्तरीय पोषण मेला-सह-लोक संवाद कार्यक्रम का आयोजन किया गया। मेला का उद्घाटन डीएम डॉ. त्यागराजन एस.एम. के द्वारा दीप प्रज्जवलित कर किया गया। इस अवसर पर महापौर श्रीमति बैजन्ती देवी खेड़िया, जिला परिषद् अध्यक्षा श्रीमति गीता देवी, उपाध्यक्षा श्रीमति ललिता झा, परियोजना निदेशक आत्मा, निदेशक (डी.आर.डी.ए.) वसीम अहमद, डीपीओ श्रीमती अलका आम्रपाली, डीपीओ श्री कन्हैयाजी आदि उपस्थित थे। सर्वप्रथम अपने स्वागत भाषण में जिला प्रोग्राम पदाधिकारी श्रीमति अलका आम्रपाली द्वारा जीवन के प्रथम हजार दिन की महत्ता के संबंध में बताते हुए पोषण के पाँच सूत्र सुनहरे हजार दिन, एनिमिया पर नियंत्रण, डायरिया की रोकथाम, साफ-सफाई एवं पौष्टिक आहार का संदेश घर-घर तक पहुँचाने पर बल दिया। डीएम द्वारा सभी विभागों से पोषण अभियान में भागदारी सुनिश्चित कराते हुए आँगनवाड़ी केन्द्रों में, विद्यालयों में सहजन का पौधा लगाने, मशरूम की खेती करने के बारे मेँ लोंगो को प्रेरित किया गया।
तत्पश्चात् डीएम द्वारा विभिन्न विभागों के द्वारा लगाये गये स्टॉल का निरीक्षण करते हुए बेनीपुर विधान सभा में नवाचार के तहत डॉक्यूमेन्टरी फिल्म दिखाने हेतु पोषण रथ को झंडी दिखा कर रवाना किया गया। विभिन्न कार्यक्रमों में आँगनवाड़ी के बच्चों का फैन्सी ड्रेस प्रतियोगिता का भी आयोजन किया गया। इसके साथ ही जिला के निर्वाचन आइकॉन मणिकांत झा के द्वारा पोषण संबंधी गीत प्रस्तुत कर पोषन मेला को और आकर्षकता प्रदान किया गया। इस अवसर पर बहादुरपुर परियोजना के सेविकाओं द्वारा गोद भराई, अन्नप्राशन संबंधी गीत की प्रस्तुति की गई। मेयर श्रीमति बैजयन्ती देवी खेड़िया ने अपने सम्बोधन मेँ पोषण अभियान के महत्ता पर प्रकाश डाला गया। उन्होंने कुपोषण के विरूद्ध यु़द्ध में समाज की सशक्त भागीदारी पर बल दिया गया।
जिला स्तरीय पदाधिकारीगण यथा-निदेशक डी.आर.डी.ए. आत्मा के मिशन डायरेक्टर आदि के द्वारा भी लोगों को संबोधित किया गया। कार्यक्रम में विभिन्न आंगनबाड़ी केन्द्रों के बच्चों ने फैन्सी ड्रेस प्रतियोगिता में भाग लिया। कार्यक्रम में बहादुरपुर एवं ग्रामीण बाल विकास परियोजना की सेविका द्वारा पोषण गीत की प्रस्तुती किया गया। सांस्कृतिक कार्यक्रम का संचालन आलोक कुमार ठाकुर एवं उनके साथी कलाकारों द्वारा किया गया। मंच का संचालन पिंकी कुमारी, बाल विकास परियोजना पदाधिकारी, गौड़ाबौराम द्वारा किया गया। समारोह के उपरांत बच्चों एवं आँगनवाड़ी सेविकाओं द्वारा मानव श्रृखंला का निर्माण कर पोषण के प्रति जनजागरूकता पैदा किया गया।
September 25, 2019

23.09.2019 (दरभंगा) : बिहार के मुख्यमंत्री नीतीश कुमार द्वारा राज्य मुख्यालय पटना से 2 अक्टूबर को केन्द्रीयकृत रूप से सम्पूर्ण बिहार राज्य में जल-जीवन हरियाली महा-अभियान का शुभारंभ किया जायेगा। इस अभियान का उद्देश्य तेजी से हो रहे जलवायु परिवर्त्तन, भू-जल स्तर का नीचे गिरना, एक ही समय में बाढ़ एवं सुखाड़ की परिस्थिति उत्पन्न होना, तालाबों की रानी के नाम से जाने वाला दरभंगा जिला में इस गर्मी के मौसम में भीषण जल संकट उत्पन्न होना जैसे भविष्य के संकट से बचने के लिए एहतियाती कदम उठाया जाना है। डीएम डॉ. त्यागराजन एस.एम. द्वारा समाहरणालय सभाकक्ष में जल-जीवन हरियाली अभियान के विस्तृत कार्य-योजना एवं तद्नुसार योजनाओं का समुचित एवं सफलता पूर्वक क्रियान्वयन हेतु रूप-रेखा की विस्तार से समीक्षा किया गया। उन्होंने कहा कि ग्रामीण विकास विभाग द्वारा मनरेगा योजना के तहत प्राकृतिक जल श्रोतों यथा - पोखर, आहर, पैन का जीर्णोद्वार, ग्रामीण क्षेत्रों के सर्वजनिक भवनों में वर्षा जल संचयन संरचना का निर्माण, नये जल श्रोतों का निर्माण, सार्वजनिक चापाकलों के किनारे सोख्ता का निर्माण एवं सघन वृक्षारोपण का कार्य किया जाएगा। उन्होंने कहा कि एक एकड़ से अधिक रकवा वाले तालाब/पोखर आदि का जीर्णोद्वार लघु जल संसाधन विभाग द्वारा किया जायेगा। वहीं पी.एच.ई.डी. के द्वारा जिला में अवस्थित सभी कुंओं का जीर्णोद्वार एवं सोख्ता का निर्माण कार्य करने की जवाबदेही दी गई है।
कृषि विभाग द्वारा वैकल्पिक फसलों, टपकन सिंचाई, जैविक खेती एवं अन्य तकनीकों का उपयोग किया जाएगा। वहीं इस योजना के तहत ही वन विभाग द्वारा जिले में सघन वृक्षारोपन एवं पौध शाला का निर्माण करने का लक्ष्य है। इस हेतु वन विभाग को मनीगाछी कृषि फॉर्म में 10 एकड.सहित अन्य प्रखण्डों में कम से कम 02-02 एकड़ जमीन मुहैया कराया जाएगा। डीएम ने जिला कृषि पदाधिकारी को मनीगाछी प्रखण्ड में पौध शाला का निर्माण करने हेतु 10 एकड़ जमीन वन विभाग को हस्तातरित करने का निदेश दिया है। बैठक में उपस्थित वन विभाग के पदाधिकारी द्वारा बताया गया कि जल-जीवन हरियाली योजना के तहत कुल 44 हजार वृक्षारोपण किया गया है। वहीं उप विकास आयुक्त द्वारा जानकारी दी गई कि मनरेगा योजना के तहत ग्रामीण क्षेत्रों में कुल 56 हजार पौधे लगाये गये है। जल-जीवन हरियाली अभियान के तहत ही वैकल्पिक ऊर्जा श्रोतों की पहचान एवं प्रोत्साहन शामिल है। अधीक्षण अभियंता विद्युत अंचल, दरभंगा द्वारा बताया गया कि सभी सरकारी भवनों में सौर ऊर्जा प्लांट संस्थापित करने की योजना पर कार्य चल रहा है।
उन्होंने बताया कि बिजली ऊर्जा का उत्पादन सहित ऊर्जा की बचत भी उतना ही महत्वपूर्ण है। डीएम द्वारा सभी विभागों के पदाधिकारी को ऊर्जा की खपत में कमी लाने हेतु प्रयास करने का निदेश दिया। उन्होंने कहा कि सभी सरकारी कार्यालयों/संस्थाओं में वर्ष अगस्त 2018 से वर्ष अगस्त 2019 के बीच खपत हुई विद्युत ऊर्जा का विश्लेषन किया जाएगा। विद्युत अधीक्षण अभियंता को सभी कार्यालयों में माहवार विद्युत ऊर्जा खपत का विवरणी उपलब्ध कराने को कहा गया। डीएम ने सभी अंचलाधिकारी को जल-जीवन हरियाली योजना के तहत तालाबों पर से अतिक्रमण हटाने, अतिक्रमित तालाबों को चिन्ह्ति करने, अतिक्रमणकारियों के विरूद्ध अतिक्रमण वाद चलाकर अतिक्रमण मुक्त कराने का निदेश दिया है। समीक्षा में पाया गया कि कुशेश्वरस्थान में 49 अतिक्रमणकारियों के विरूद्ध अतिक्रमण वाद शुरू किया गया है, लेकिन अन्य अंचलों में अतिक्रमण वाद की कार्रवाई अत्यंत कम पायी गई है। डीएम ने अंचलाधिकारियों को सख्त हिदायत दिया है कि दिसम्बर 2019 तक जिला के सभी सरकारी तालाबों को अतिक्रमण मुक्त कराकर इसका जीर्णोद्वार करने का महती लक्ष्य राज्य सरकार द्वारा तय किया गया है। इस लक्ष्य को हर हाल में हासिल करना है। उन्होंने सभी अनुमण्डल पदाधिकारी को तालाबों का सर्वेक्षण, अतिक्रमित तालाबों की पहचान एवं अतिक्रमणकारियों के विरूद्ध मुकदमा की कार्रवाई का सतत् अनुश्रवण, पर्यवेक्षण एवं क्रियान्वयन का निदेश दिया है।
इसके साथ ही सरकार के सात निश्चय योजना अन्तर्गत नल-जल, गली-नाली, शौचालय निर्माण, प्रधानमंत्री आवास योजना की स्वीकृति, लोहिया स्वच्छ बिहार अभियान के तहत निर्मित शौचालयों का जियोटैगिग एवं प्रोत्साहन राशि का भुगतान, दाखिल-खारिज, लगान रसीद आदि की प्रगति की समीक्षा की गई।
September 25, 2019

23.09.2019 (पटना) : डीएम कुमार रवि के द्वारा गंगा नदी के गाय घाट एवं गांधी घाट का निरिक्षण किया गया। इस क्रम मैं सुरक्षा के दृष्टिकोण से दोनों घाट पर सामान्य आवाजाही बंद कर दी गयी है। श्री कुमार ने बताया की कई दिनों से गंगा का जलस्तर स्थिर बना हुआ है। दोनों घाटों पर डीएम कुमार रवि ने निरिक्षण के दौरान नागरिक सुरक्षा स्वयंसेवकों से पूछताछ कर उन्हें लगातार सिटी बजाकर घाटों की निगरानी रखने का निर्देश दिया है। डीएम द्वारा महात्मा गांधी सेतु के समानांतर पुल हेतु भूमि अधिग्रहण कार्य की भी समीक्षा की गयी। उन्होंने अनुमंडल पदाधिकारी को क्षेत्र में लगातार भ्रमणशील तथा निगरानी रखने निर्देश दिया है।