September 26, 2019

25.09.2019 (पटना) : हमारे पदाधिकारी सोशल मीडिया पर सक्रिय बनें एवं रीयल टाइम रिस्पौंस के प्रति सजग हों। आज सूचना भवन में सूचना जनसंपर्क विभाग के सभी पदाधिकारियों की बैठक को संबोधित करते हुए सूचना जनसंपर्क मंत्री, नीरज कुमार ने उक्त बातें कही। उन्होंने सरकार के कार्यक्रमों, उपलब्धियों पर फोकस करते हुए कहा कि राज्य सरकार द्वारा एक नहीं अनेक कल्याकारी योजनाएं चलायी जा रही है ताकि बिहार एवं देश का विकास हो। बिहार सरकार द्वारा कुछ ऐसी भी योजनाएं एवं कार्यक्रम संचालित किए जा रहे है, जिसे देश में लागू करने वाला पहला राज्य माना जाता है। ऐसी भी कई योजनाएं संचालित हो रही है, जो समाज के सबसे नीचे पायदान पर खडे़ व्यक्ति को लाभान्वित करने के लिए हैं ताकि उन्हें सामाजिक, राजनीतिक, शैक्षिक तथा आर्थिक रूप से मजबूती मिल सके।
दलित, महादलित, अल्पसंख्यक एवं जन-जाति कल्याण की भी ढेर सारी योजनाएं राज्य सरकार द्वारा जारी की गई हैं, ताकि उनका सामाजिक स्टेटस बढ़े और वे गरीबी रेखा से ऊपर उठकर बिहार एवं देश के विकास में अपनी भागीदारी निभा सके। उन्होनें अपने सम्बोधन में कहा कि सरकार की कल्याणकारी योजनाओं एवं कार्यक्रमों का प्रचार-प्रसार होर्डिंग, फ्लैक्स सहित वाट्सएप ग्रुप एवं सोशल मीडिया के माध्यम से भी कराया जाय ताकि उक्त कल्याणकारी योजनाओं के बारे में वास्तविक जानकारी लाभुकों के द्वार तक सहजता से पहुंचे और वे इसका लाभ भी उठायें। प्रचार-प्रसार के साथ-साथ क्षेत्रीय पदाधिकारियों की यह भी जिम्मेदारी है कि वे यदा-कदा राज्य सरकार के विरूद्व चलायी जाने वाली नकारात्मक खबरें एवं अफवाहों पर भी गहरी नजर रखें और समय रहते उसका खंडन की सामने लाने में सजगता के साथ अपनी भूमिका का निर्वहन करें अर्थात् रीयल टाइम रिस्पौस के प्रति सजग हों। यदि इस संबंध में उच्चधिकारियों की मदद की आवष्यकता हो, तो वह भी ससमय प्राप्त करें। इसी तरह आपदा-विपदा यथा बाढ़, सुखाड अथवा भूकम्प या अन्य प्राकृतिक प्रकोपों पर उड़ी अफवाहों पर भी नजर रखें और उससे जुडे़ राज्य सरकार के दृष्टिकोण और किए गए त्वरित उपायों के बारें में भी आमजन को शीघ्र जानकारी सुलभ करायें।

श्री कुमार ने कहा कि राज्य सरकार द्वारा चलायी जा रही कल्याणकारी योजनाओं के साथ-साथ सामाजिक कुरीतियों के खिलाफ चलाये जा रहे अभियानों के बारें में भी आमजन को जानकारी देना डी.पी.आर.ओ. की जिम्मेदारी बनती है। इनके प्रचार-प्रसार के साथ-साथ शराबबंदी, दहेजप्रथा उन्मूलन, दलित-महादलित के लिए किए जा रहे विषेष कार्यो सहित अन्य योजनाओं पर आधारित सफलता की कहानी का भी लेखन कार्य कराया जाय, ताकि वैसी सफलता की कहानी से लोग सीख ले सकें और उनका हौसला आफजाई भी हो सके। उन्होने कहा कि मीडिया में चल रही नकारात्मक खबरों पर नजर रखना क्षेत्रीय पदाधिकारियों का कर्तव्य है। साथ ही उसका खंडन अथवा सच्चाई से रू-बरू करना भी इनका महत्वपूर्ण दायित्व है।
क्षेत्रीय पदाधिकारियों को हमेषा ‘जागते रहो’ की भूमिका में काम करना है। राज्य सरकार बिहार एवं बिहार के हर वर्ग, हर क्षेत्र, हर वर्ग के बालक-बालिकाओं, महिला-पुरूष, वृद्वजन, परित्यक्ता सहित सबके विकास और उन्नयन के लिए 7-निष्चय जैसी सार्वभौमिक योजनाएँ चला रही है, जिसका सही ढ़ंग से प्रचार-प्रसार किया जाना चाहिए ताकि बिहार के विकास की बात दूर तक पहुंचे और लोग इससे सहजता के साथ लाभान्वित हो सकें।