muzaffarpur

28.01.2021 (Darbhangaonline Desk) : किसी वस्तु के गुम होने का सनहा अथवा वाहन चोरी के प्राथमिकी के लिए बार बार थाना जाने की समस्या से छुटकारा पाने हेतु आईजी गणेश कुमार, तिरहुत रेंज, मुजफ्फरपुर के द्वारा एक अनूठा पहल किया गया है।

इस बारे में विस्तार से बताते हुए उन्होंने कहा की किसी वस्तु के गुम होने अथवा वाहन चोरी के सम्बन्ध में आवेदक अपना आवेदन पुलिस महानिरीक्षक कार्यालय में सधारित मोबाइल नंबर - 7070201201 पर आवेदन मैसेज के माध्यम से भेज सकते हैं। आवेदन में वे अपना पूरा नाम, पता, मोबाइल नंबर, घटना की जानकारी के साथ लिखकर भेजेंगे। पुलिस महानिरीक्षक कार्यालय से यह आवेदन सम्बंधित थानाध्यक्ष को उनके मोबाइल पर भेज दिया जायेगा। थानाध्यक्ष द्वारा नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई कर वापस पुलिस महानिरीक्षक के मोबाइल नंबर पर भेज दिया जाएगा, जहाँ से उसे आवेदक को भेजा जाएगा।

आईजी गणेश कुमार ने बताया की यदि आवेदक को थाना के प्रतिवेदन, सनहा की मूल प्रति चाहिए तो वे किसी भी कार्य दिवस को थाना से प्राप्त कर सकते हैं। उन्होंने साफ़ तौर पर कहा की सनहा प्रतिवेदन की मूल प्रति आवेदक को देने में यदि कोई शिकायत प्राप्त होती है तो दोषी पदाधिकारी के विरुद्ध कार्रवाई की जाएगी। वाहन चोरी इत्यादि के आवेदन प्राप्त होने पर थानाध्यक्ष एक प्रतिवेदन पुलिस महानिरीक्षक कार्यालय में भेजेंगे, जो आवेदक को भेज दिया जाएगा। इसके बाद थानाध्यक्ष एवं जांच पदाधिकारी की जिम्मेवारी होगी की वे आवेदक से संपर्क कर उनके आवेदन पर नियमानुसार प्राथमिकी दर्ज कर उन्हें प्राथमिकी की एक कॉपी देंगे। यह सभी कार्रवाई सामान्यतः एक दिन में पूर्ण हो जानी है।

यदि किसी कारणवश प्राथमिकी दर्ज नहीं हो सकती है तो इसकी भी सुचना मैसेज के माध्यम से आवेदक को एवं पुलिस महानिरीक्षक कार्यालय को देंगे। उन्होंने कहा की पूरी प्रक्रिया में किसी भी अनावश्यक विलम्ब में यह माना जायेगा की गलत मंशा से देरी की जा रही है। वाहन चोरी इत्यादि के प्राथमिकी दर्ज करने से पूर्व कागजात इत्यादि की मांग करना अनुचित है। अनुसंधानक ये सारे कार्य प्राथमिकी दर्ज करने के उपरान्त कर सकते हैं। आगे उन्होंने बताया की थानाध्यक्ष के थाना से बाहर होने के कारण किसी भी प्रतिवेदन को भेजने में बिलम्ब नहीं किया जायेगा।

यदि थानाध्यक्ष किसी कार्यवश थाना से बाहर हैं तो मौजूद वरीयतम पदाधिकारी सनहा दर्ज करना, प्राथमिकी करना इत्यादि सभी कार्य कर सकते हैं और उन्हें करना है। जो आवेदक सीधे थाना में किसी आवेदन को ले कर आते है तो उन्हें अविलम्ब इसकी प्राप्ति रसीद पदाधिकारी द्वारा दी जाएगी एवं इसमें नियमानुसार सनहा अथवा प्राथमिकी दर्ज किया जायेगा। आईजी श्री कुमार ने कहा की आनेवाले समय में जरूरत के हिसाब से लोगों को स्मार्ट पुलिसिंग देखने को मिलेगी।