August 18, 2021

18.08.2021 (दरभंगा) : प्राप्त जानकारी के अनुसार स्वतंत्रता की 75 वीं वर्षगांठ- 2022 को ऐतिहासिक बनाने के उद्देश्य से भारत सरकार ने 'न्यू इंडिया- 75 कार्यक्रम' की शुरुआत की है। इसमें बिहार राज्य के 75 महाविद्यालयों एवं 75 विद्यालयों को शामिल किया गया है, जिनमें मिथिला विश्वविद्यालय के 11 महाविद्यालय शामिल किए गए हैं। दरभंगा जिला से सी एम कॉलेज, सी एम साइंस कॉलेज, एमएलएसएम कॉलेज, के एस कॉलेज तथा मारवाड़ी कॉलेज का चयन किया गया है। जहां एड्स, यक्ष्मा तथा रक्तदान जागरूकता कार्यक्रम 3 चरणों में अगस्त 2021 से मार्च 2022 तक चलाए जाएंगे, जिसके तहत शॉर्ट वीडियो, कम्पटीशन, पोस्टर मेकिंग तथा स्पीच कम्पटीशन आदि कार्यक्रम आयोजित किए जाएंगे। इस जागरूकता कार्यक्रम की सफलता एवं सुचारु संचालन हेतु दरभंगा जिला में नोडल पदाधिकारी के रूप में सी एम कॉलेज, के डॉ आर एन चौरसिया को नियुक्त किया गया है। डा चौरसिया द्वारा नवगठित दरभंगा जिला स्तरीय कार्यकारी समूह की एक महत्वपूर्ण बैठक रेड रिबन क्लब के विश्वविद्यालय नोडल पदाधिकारी डा विनोद बैठा की अध्यक्षता में ऑनलाइन व ऑफलाइन संपन्न हुई। बैठक में संयोजक डा आर एन चौरसिया, एमएलएसएम कॉलेज के एनएसएस पदाधिकारी डा कालिदास झा, डीएमसीएच रक्त अधिकोष के प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डा संजीव कुमार, नेहरु युवा केन्द्र, दरभंगा के जिला युवा पदाधिकारी रौशन कुमार, भारतीय रेड क्रॉस सोसायटी, दरभंगा के सचिव मनमोहन सरावगी, सी एम कॉलेज के एनएसएस पदाधिकारी द्वैय प्रौ रितिका मौर्या एवं प्रो अखिलेश कुमार राठौर, के एस कॉलेज, लहेरियासराय के एनएसएस पदाधिकारी डा अशोक कुमार सिंह, एनसीसी पदाधिकारी डा शैलेंद्र श्रीवास्तव, संगीत की प्राध्यापिका डा प्रेम कुमारी तथा पियर एजुकेटर सत्यम कुमार आदि ने भाग लिया।
जिला स्तरीय कार्यकारी समूह के संयोजक डा आर एन चौरसिया ने बताया कि 'न्यू इंडिया-75 संकल्पना' के तहत कुशल, पारदर्शी एवं उत्तरदाई शासन हो। इस परिप्रेक्ष्य में किशोर एवं युवाओं के साथ संवाद करना भी शामिल है, ताकि एचआईवी व एड्स संबंधी सुरक्षित व्यवहार, स्वास्थ्य खतरे, सामाजिक कलंक, भेदभाव तथा सहरूगणता आदि को कम किया जाना महत्वपूर्ण है। बिहार राज्य एड्स नियंत्रण समिति, पटना के पत्र के आलोक में जागरूकता के विभिन्न कार्यक्रमों का आयोजन 12 अगस्त- 2021 से प्रारंभ होकर 30 मार्च, 2022 तक 3 चरणों में संपन्न किया जाना है। प्रत्येक चरण में भाग लेने वाले सभी छात्र- छात्राओं को प्रमाण पत्र दिए जाएंगे, जबकि तीनों चरणों में प्रथम, द्वितीय एवं तृतीय स्थान पाने वाले प्रतिभागी का चयन कर विश्वविद्यालय स्तर पर तथा अंततः राज्य स्तर पर पुरस्कृत एवं सम्मानित किया जाएगा। बैठक में निर्णय लिया गया कि प्रथम चरण में प्रतिभागियों का पंजीकरण तथा एचआईवी व एड्स संबंधी 1 मिनट का वीडियो बनाकर भेजना है, जबकि प्रत्येक महाविद्यालय में एक छात्र तथा एक छात्रा को ब्रांड एंबेसडर बनाया जाएगा। साथ ही पंजीकृत प्रतिभागियों का ऑनलाइन ओरियंटेशन प्रोग्राम होगा, जिसमें रक्तदान,एचआईवी व एड्स, यक्ष्मा तथा रक्तदान आदि से संबंधित पूर्ण व सही जानकारी दी जाएगी। सभी प्रतिभागियों को व्हाट्सएप ग्रुप के माध्यम से जोड़कर एक प्लेटफार्म पर लाने का प्रयास किया जाएगा। बैठक को डा विनोद बैठा, डा आर एन चौरसिया, डा कालिदास झा, डा सतेन्द्र झा, प्रो अखिलेश राठौर, मनमोहन सरावगी तथा डा अशोक कुमार सिंह आदि ने संबोधित किया। बैठक के मुद्दों की विस्तृत जानकारी देते हुए संयोजक डा चौरसिया ने अतिथियों का स्वागत किया, जबकि धन्यवाद ज्ञापन एनएसएस पदाधिकारी प्रो रितिका मौर्या ने किया।