April 12, 2021

12.04.2021 (दरभंगा) : "स्ट्रीट चिल्ड्रन इन इंडिया" विषय पर अपराधिकी अनुसंधान एवं विकास संगठन, भारत CRDO INDIA द्वारा दो दिवसीय ई-संगोष्ठी का आयोजन (CRDO) के राष्ट्रीय अध्यक्ष ऋषभ श्रीवास्तव की अध्यक्षता में किया गया, जिसका विषय भारत में सड़क पर रहने वाले बच्चो से जुड़ा था। इस ई-संगोष्ठी का मुख्य उद्देश्य समाज को सड़क पर रहने वाले बच्चों के प्रति सहानभूति की भावना जागृत करने तथा इनसे जुड़ी कानूनों से अवगत करना था। सम्बंधित विषय से जुड़े कई विशेषज्ञों ने ई-संगोष्ठी में भाग लेते हुए कई गंभीर विषयो पर चर्चा की। एन० आई० सी० एफ० एस०, दिल्ली की पूर्व रीडर डॉ. शुभ्रा सान्याल ने स्ट्रीट चिल्ड्रन को परिभाषित करते हुए कार्यक्रम को आरंभ किया। जामिया मिलिया इस्लामिया विश्वविद्यालय के मनोविज्ञान संकाय के प्रोफेसर डॉ. नवेद इक़बाल ने सड़क पर रहने वाले बच्चो के सामाजिक तथा मानसिक स्थिति से अवगत करवाते हुए उनमे सुधार लाने जैसे विषयो पर चर्चा की।
किशोर न्याय बोर्ड, उत्तर प्रदेश के सदस्य तथा जी० एल० ए०, विश्वविद्यालय, मथुरा के विधि संकाय के प्रोफेसर डॉ. ओंकार नाथ तिवारी ने सड़क पर रहने वाले बच्चो के प्रति पुलिस के रवैये पर चर्चा की तथा इन बच्चो में पुलिस के प्रति नकारात्मक छवि को कम किये जाने को लेकर कई सुझाव दिए। प्रजाक संस्थान के संस्थापक दीप पुरकायस्था ने गैर सरकारी संस्थानों की इन बच्चो के प्रति जिम्मेवारी तथा इनकी भूमिका से अवगत कराया। सवेरा फाउंडेशन की पूर्व निदेशक डॉ. माला गोस्वामी ने सड़क पर रहने वाले बच्चो की तस्करी से जुड़ी अपराध पर चर्चा की वहीं सेण्टर फॉर साइबर विक्टिम कॉउन्सिलिंग की संस्थापक डॉ. देबरती हलदर ने इन बच्चो द्वारा किये जाने वाले अपराध जैसे चोरी, साइबर से जुड़ी अपराध, छिना झपटी इत्यादि पर चर्चा की।
आई० पी० ई० आर० संस्थान की संस्थापक डॉ. बिजली मल्लिक ने किशोर न्याय (बालकों की देखरेख और संरक्षण) अधिनियम, 2015 पर चर्चा करते हुए इसे और मजबूती से देश भर में लागु किये जाने पर जोर दिया। बाल कल्याण समिति, दिल्ली की सदस्य मनोज कुमार शर्मा ने बाल कल्याण समिति के कार्यक्षेत्र तथा इनकी भूमिका पर चर्चा की। इस दो दिवसीय ई-संगोष्ठी का आयोजन डॉ. के० एन० मोदी विश्वविद्यालय, राजस्थान के सहयोग से हुआ तथा समापन (CRDO INDIA) के राष्ट्रीय सचिव यशवंत नारायण के उद्वोधन से किया गया। अंत में डॉ. शुभ्रा सान्याल ने इस बात की भी चर्चा की, कि हमें इस कार्यक्रम को यहीं समाप्त नहीं करना बल्कि इस तरह के कार्यक्रम को निरंतर आगे भी करते रहना है जिससे समाज में इन बच्चों के प्रति लोगों के व्यवहार में बदलाव तथा उनके प्रति नकारात्मक भाव कम हो सके जिससे लोग इन बच्चों के मदद के लिए सामने आ सके। उक्त ई-संगोष्ठी में देश भर से करीब 200 से अधिक प्रतिभागियों ने भाग लिया। इस संगोष्ठी में (CRDO INDIA) के बिहार प्रदेश अध्यक्ष मनीष कुमार सिन्हा, दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष मेघा पांचाल, राजस्थान प्रदेश अध्यक्ष शुभम गौड़ तथा अन्य माननीय सदस्यगण शामिल हुए।